अब आप ‘टल्ली’ हो कर अपने ऑफिस जा सकेंगे!

पेरू की सर्वोच्च अदालत ने निर्देश दिया है कि शराब पीकर काम करने वाले कर्मचारियों को नौकरी से नहीं निकाला जा सकता है. हालाँकि पेरू की सरकार ने संवैधानिक आदालत के इस फ़ैसले की आलोचना की और इसे ख़तरनाक क़ानूनी मिसाल क़रार दिया है. अदालत ने अपने फ़ैसले में कहा है कि किसी कर्मचारी को इसलिए नौकरी से निकाल दिया जाए कि उन्होंने शराब पी रखी है, असंगत और अनुचित है.

कोर्ट ने आदेश दिया कि कुछ समय पहले लीमा में नौकरी से निकाले गए कर्मचारी को बहाल किया जाना चाहिए. नौकरी गंवाने वाले व्यक्ति का नाम पाबलो कायो है, जिन्हें पाँच साल पहले कार्यस्थल पर शराब पीकर काम करने के इल्ज़ाम में नौकरी से निकाल दिया गया था. सर्वोच्च अदालत की सात सदस्यीय खंडपीठ ने अपने आदेश में कहा है कि पाबलो कायो को नौकरी से बाहर निकालने का फ़ैसला कठोर था, क्योंकि उनका व्यवहार हिंसक या असभ्य नहीं था और वो अपना काम सामान्य तरीक़े से कर रहे थे.  अदालत का ये फ़ैसला बाध्यकारी नहीं है, लेकिन जहाँ इस फ़ैसले ने देश के भीतर क़ानूनविदों के बीच एक बहस को जन्म दे दिया है वहीँ यह सरकार के लिए निराश करने वाला है.

पेरू के श्रममंत्री जोर्ग विलासांते ने अदालत के इस आदेश की यह कहकर आलोचना की है कि इससे अन्य कर्मचारियों पर ग़लत असर पड़ेगा. जबकि कुछ वकीलों ने संकेत दिया है कि अदालत का यह फ़ैसला पेरू के क़ानून के ख़िलाफ़ है.  वकीलों का कहना है कि पेरू के क़ानूम के अनुसार कार्यस्थल पर शराब पीकर काम करने की मनाही है. उधर इस मुक़दमे के एक जज फ़र्नांडो कैल्ले का कहना है कि अदालत अपने फ़ैसले पर पुनर्विचार नहीं करेगी. जज के अनुसार नौकरी गँवाने वाले कर्मचारी को पूरा क़ानूनी हक़ है.

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One thought on “अब आप ‘टल्ली’ हो कर अपने ऑफिस जा सकेंगे!”

  1. रोचक समाचार। पर यह समझ में नहीं आया कि वहां की सर्वोच्च अदालत का फ़ैसला बाध्यकारी क्यों नहीं है।

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